Haryana Weather Today: हरियाणा में पिछले कई दिनों से कमजोर पड़ा मानसून अब एक बार फिर सक्रिय होने जा रहा है। जन्माष्टमी के मौके पर मौसम करवट लेने वाला है और प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश की अच्छी संभावना बन रही है। मौसम विभाग का मानना है कि अगले दो दिनों में बारिश बढ़ने से गर्मी और उमस से लोगों को बड़ी राहत मिल सकती है।
सबसे ज्यादा असर पूर्वी, दक्षिण-पूर्वी और बाद में मध्य हरियाणा में देखने को मिलेगा। वहीं, लंबे समय से बारिश की कमी झेल रहे किसानों के लिए भी यह बारिश राहत लेकर आ सकती है।
आज 10 जिलों में यलो अलर्ट, गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 4 सितंबर के लिए हरियाणा के 10 जिलों में यलो अलर्ट जारी किया है। इनमें पंचकूला, अंबाला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, कैथल, करनाल, पानीपत, सोनीपत, फरीदाबाद और पलवल शामिल हैं। इन जिलों में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। बारिश के चलते दिन के तापमान में गिरावट आएगी और उमस से भी राहत मिलने की उम्मीद है।
5 सितंबर को 14 जिलों तक पहुंचेगा बारिश का दायरा
मौसम विभाग के अनुसार 5 सितंबर को मानसून की गतिविधियां और बढ़ सकती हैं। बारिश का असर मध्य और दक्षिणी हरियाणा के कई जिलों तक फैलने की संभावना है।
झज्जर, गुरुग्राम, नूंह और रेवाड़ी समेत करीब 14 जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। हालांकि पश्चिमी हरियाणा के सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, भिवानी और जींद में बारिश की गतिविधियां अपेक्षाकृत कम रहने का अनुमान है।
हरियाणा में अब तक 22% कम हुई बारिश
इस मानसून सीजन में हरियाणा अभी भी सामान्य से कम बारिश की स्थिति में है। 1 जून से 3 सितंबर तक प्रदेश में 283.3 मिमी वर्षा दर्ज की गई है, जबकि इस अवधि में सामान्य औसत 364.6 मिमी होना चाहिए था। यानी अब तक राज्य में लगभग 22 प्रतिशत कम बारिश हुई है। मौसम विभाग का मानना है कि अगले दो दिनों की बारिश से इस कमी में कुछ हद तक सुधार हो सकता है।
इन 7 जिलों में सबसे ज्यादा बारिश की कमी
बारिश की कमी के आधार पर हरियाणा के सात जिले अभी भी रेड जोन में बने हुए हैं।
| जिला | सामान्य से कम बारिश |
|---|---|
| जींद | 56% |
| सिरसा | 53% |
| कैथल | 50% |
| अंबाला | 50% |
| रोहतक | 45% |
| करनाल | 43% |
| पंचकूला | 30% |
इन जिलों में यदि अच्छी बारिश होती है तो खरीफ फसलों को काफी राहत मिल सकती है।
भिवानी सबसे गर्म, बारिश से तापमान में आएगी गिरावट
बारिश से पहले प्रदेश में गर्मी और उमस का असर बना हुआ है। भिवानी 36.5 डिग्री सेल्सियस के साथ सबसे गर्म जिला रहा। इसके अलावा सिरसा में 36°C, हिसार में 35.9°C तथा पानीपत और रोहतक में 34.5°C तापमान दर्ज किया गया। गुरुग्राम और फरीदाबाद में भी दिनभर उमस महसूस की गई। मौसम विभाग का अनुमान है कि बारिश के बाद अधिकतम तापमान में 2 से 4 डिग्री तक गिरावट आ सकती है।
रात के तापमान में भी मिलेगी राहत
पिछले सप्ताह रात का तापमान सामान्य से 1 से 3 डिग्री अधिक बना हुआ था। अंबाला में न्यूनतम तापमान 27.3°C, करनाल में 26.2°C और हिसार में 26.1°C दर्ज किया गया। बारिश और बादलों की वजह से 4 और 5 सितंबर को रात के तापमान में भी 1 से 2 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट आने की संभावना है, जिससे रातें अपेक्षाकृत सुहानी हो सकती हैं।
किसानों के लिए क्यों अहम है यह मौसम?
लंबे समय से सामान्य से कम बारिश होने के कारण कई जिलों में फसलें नमी की कमी झेल रही हैं। ऐसे में अगले दो दिनों की संभावित बारिश धान, बाजरा, कपास और अन्य खरीफ फसलों के लिए फायदेमंद साबित हो सकती है। हालांकि जिन क्षेत्रों में तेज बारिश की संभावना है, वहां किसानों को खेतों में जल निकासी की व्यवस्था भी बनाए रखने की सलाह दी जाती है, ताकि पानी भरने से फसलों को नुकसान न पहुंचे।








