Haryana Weather Report: हरियाणा के कई इलाकों में सोमवार को अच्छी बारिश दर्ज की गई, जिससे लोगों को गर्मी और उमस से कुछ राहत मिली। हालांकि, पूरे प्रदेश में मानसून अब भी कमजोर बना हुआ है और अधिकांश जिलों में केवल बादल छाए रहे। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले दिनों में व्यापक बारिश की संभावना कम है।
दक्षिणी हरियाणा के कुछ जिलों में जरूर अच्छी वर्षा हुई, लेकिन पूरे राज्य की स्थिति को देखें तो मानसून अभी भी अपेक्षित प्रदर्शन नहीं कर रहा है। यही वजह है कि किसानों को सिंचाई पर विशेष ध्यान देने की सलाह दी गई है।
पलवल में सबसे ज्यादा बारिश, इन जिलों में भी बरसे बादल
सोमवार को दक्षिणी हरियाणा के कई जिलों में बारिश दर्ज की गई। सबसे अधिक वर्षा पलवल में 98 मिमी रिकॉर्ड की गई, जिससे स्थानीय लोगों को राहत मिली। इसके अलावा फरीदाबाद में 58 मिमी, मेवात में 48.5 मिमी, गुरुग्राम में 38 मिमी और रेवाड़ी में 11 मिमी बारिश हुई। हालांकि प्रदेश के अधिकांश अन्य हिस्सों में बारिश सीमित रही और केवल बादल छाए रहे।
मौसम विभाग ने क्या कहा?
मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्रमोहन के अनुसार, प्रदेश में दक्षिण-पश्चिमी हवाएं सक्रिय हैं, लेकिन मानसून फिलहाल कमजोर स्थिति में है। इसी कारण व्यापक बारिश की संभावना कम बनी हुई है। उन्होंने बताया कि दक्षिणी हरियाणा के कुछ इलाकों में अगले कुछ दिनों तक हल्की बूंदाबांदी हो सकती है। सितंबर के पहले सप्ताह में भी हल्की बारिश की उम्मीद है, लेकिन इसके बाद प्रदेश से मानसून की विदाई शुरू होने की संभावना है।
किसानों के लिए क्यों अहम है यह अपडेट?
कमजोर मानसून का सबसे ज्यादा असर खेती पर पड़ रहा है। कई जिलों में पर्याप्त बारिश नहीं होने के कारण किसानों को फसलों की सिंचाई अपने संसाधनों से करनी पड़ रही है। विशेषज्ञों ने किसानों को सलाह दी है कि वे फसलों की आवश्यकता के अनुसार समय पर सिंचाई करें। जिन क्षेत्रों में बारिश हुई है वहां कुछ राहत जरूर मिली है, लेकिन पूरे प्रदेश में स्थिति अभी सामान्य नहीं कही जा सकती।
बारिश के बाद भी हिसार सबसे गर्म
बारिश और बादल रहने के बावजूद तापमान में बहुत ज्यादा गिरावट देखने को नहीं मिली। हिसार लगातार दूसरे दिन हरियाणा का सबसे गर्म जिला रहा। हिसार में अधिकतम तापमान 37.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान 27.1 डिग्री सेल्सियस रहा। वहीं भिवानी में अधिकतम तापमान 37.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। तेज धूप और नमी के कारण लोगों को दिनभर उमस का सामना करना पड़ा।
सितंबर में कैसा रहेगा मौसम?
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, सितंबर के पहले सप्ताह तक हल्की बारिश की संभावना बनी हुई है। इसके बाद मानसून की सक्रियता धीरे-धीरे कम होने लगेगी। यदि कोई नया मौसमी सिस्टम विकसित नहीं होता है, तो सितंबर के दूसरे सप्ताह से हरियाणा में मानसून की विदाई की प्रक्रिया शुरू हो सकती है। ऐसे में तापमान में फिर से बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है।
बारिश और तापमान एक नजर में
| जिला | दर्ज बारिश |
|---|---|
| पलवल | 98 मिमी |
| फरीदाबाद | 58 मिमी |
| मेवात | 48.5 मिमी |
| गुरुग्राम | 38 मिमी |
| रेवाड़ी | 11 मिमी |
तापमान अपडेट
| जिला | अधिकतम तापमान |
|---|---|
| हिसार | 37.6°C |
| भिवानी | 37.5°C |






