home page

Wine Beer: अंग्रेजी शराब के मुकाबले देसी शराब में क्या है खास फर्क, जाने इन दोनों में शरीर को कौनसी पहुंचाती है ज्यादा नुकसान

Wine Beer: शराब का जिक्र होते ही बाजार में उपलब्ध विभिन्न ब्रांड्स के नाम जेहन में आ जाते हैं। लेकिन देसी और अंग्रेजी शराब (English and Desi Liquor) के बीच का अंतर अधिकतर लोगों के लिए एक अनछुए विषय की तरह है।
 | 
heer ranjha daru

Wine Beer: शराब का जिक्र होते ही बाजार में उपलब्ध विभिन्न ब्रांड्स के नाम जेहन में आ जाते हैं। लेकिन देसी और अंग्रेजी शराब (English and Desi Liquor) के बीच का अंतर अधिकतर लोगों के लिए एक अनछुए विषय की तरह है। इस लेख में हम इन दोनों शराब के प्रकारों में मौलिक अंतर और उनकी खासियतों को समझेंगे।

शराब की निर्माण प्रक्रिया

देसी और अंग्रेजी शराब की निर्माण प्रक्रिया (Manufacturing Process) में बुनियादी स्तर पर कोई खास अंतर नहीं होता। दोनों ही तरह की शराब का उत्पादन फर्मेंटेशन और डिस्टिलेशन (Fermentation and Distillation) के माध्यम से किया जाता है। देसी शराब का उत्पादन परंपरागत तरीकों से किया जाता है, जबकि अंग्रेजी शराब की निर्माण प्रक्रिया अधिक संवेदनशील और विस्तृत होती है।

देसी शराब की विशेषताएं

देसी शराब (Desi Liquor) को आमतौर पर स्थानीय स्तर पर उपलब्ध कच्चे माल से बनाया जाता है। इसकी पैकिंग अक्सर प्लास्टिक की बोतलों या पॉलिथीन में की जाती है। देसी शराब की विशेषता इसका तेज स्वाद और गंध (Strong Flavor and Odor) है, जो इसे अंग्रेजी शराब से अलग बनाती है।

अंग्रेजी शराब की विशेषताएं

अंग्रेजी शराब (English Liquor) का उत्पादन अधिक नियंत्रित परिस्थितियों में किया जाता है और इसमें विभिन्न प्रकार के फ्लेवर (Flavors) और अरोमा जोड़े जाते हैं। इसकी पैकिंग कांच की बोतलों में की जाती है, जो इसे प्रीमियम लुक प्रदान करती है।

शराब की बिक्री में वृद्धि

भारत में देसी शराब का बाजार (Market Share) अंग्रेजी शराब के मुकाबले काफी बड़ा है. जिसका कारण इसकी कम कीमत और स्थानीय स्वीकृति है। देसी शराब की अल्कोहल सामग्री (Alcohol Content) भी काफी हाई होती है, जो इसे कुछ ग्राहकों के लिए अधिक आकर्षक बनाती है।

देसी दारू के अलग-अलग नाम

भारतीय राज्यों में देसी शराब को विभिन्न नामों (Local Names) से जाना जाता है, जो इसकी स्थानीय संस्कृति से जुड़ाव को दर्शाता है। यह विविधता इसे भारतीय शराब उद्योग का एक अनूठा हिस्सा बनाती है।

देसी और अंग्रेजी शराब के बीच का अंतर सिर्फ निर्माण प्रक्रिया और पैकिंग तक सीमित नहीं है. बल्कि इसकी संस्कृति, स्वाद, और उपभोग के तरीके में भी झलकता है। जहां देसी शराब अपने पारंपरिक स्वरूप और स्वाद के लिए जानी जाती है, वहीं अंग्रेजी शराब अपनी विविधता और प्रीमीयम क्वालिटी के लिए प्रसिद्ध है।