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इस फसल की खेती करके तो बंजर जमीन से भी होगी तगड़ी पैदावार, किसान भाइयों की हो जाएगी मौज

आज के दौर में जहां हर कोई वित्तीय स्थिरता (Financial Stability) और आत्मनिर्भरता (Self-reliance) की ओर बढ़ रहा है,
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आज के दौर में जहां हर कोई वित्तीय स्थिरता (Financial Stability) और आत्मनिर्भरता (Self-reliance) की ओर बढ़ रहा है, वहीं नौकरी छोड़कर बिजनेस (Business) की ओर रुख करना एक बड़ा और साहसिक कदम माना जाता है। खासतौर पर जब बात आती है खेती (Farming) की तो लोगों के मन में कई प्रकार की धारणाएं होती हैं। लेकिन आज हम एक ऐसे खेती के तरीके की बात करेंगे जो न केवल कम मेहनत (Less Effort) में अधिक प्रोफ़िट (High Profit) देता है बल्कि सरकारी सब्सिडी (Government Subsidy) का लाभ भी प्रदान करता है। हम बात कर रहे हैं बांस की खेती (Bamboo Farming) की।

बांस है हरा सोना (Green Gold)

बांस को हरा सोना भी कहा जाता है, जिसकी मांग (Demand) दिन-प्रतिदिन बढ़ती जा रही है। इसकी खेती को अन्य फसलों के मुकाबले अधिक सुरक्षित (Safe) और लाभकारी (Profitable) माना जाता है। बांस की खेती में सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यह किसी भी मौसम (Weather) में खराब नहीं होती और एक बार लगाने पर कई सालों तक लाभ (Long-term Benefit) देती है।

बांस की खेती की विधि

बांस की खेती की शुरुआत किसी भी नर्सरी से बांस के पौधे खरीद कर की जा सकती है। खास बात यह है कि इसके लिए जमीन की विशेष तैयारी (Land Preparation) की जरूरत नहीं होती। मिट्टी अधिक रेतीली (Sandy Soil) न हो, यह सुनिश्चित कर लेना चाहिए। गड्ढे खोदकर और गोबर खाद (Manure) डालकर रोपाई की जाती है। शुरुआती महीनों में सिंचाई (Irrigation) की विशेष आवश्यकता होती है, जो बाद में कम हो जाती है।

बांस का उपयोग और आर्थिक लाभ

बांस का इस्तेमाल कागज निर्माण (Paper Manufacturing), कार्बनिक कपड़े (Organic Clothes) बनाने और सजावटी वस्तुओं (Decorative Items) के निर्माण में होता है। सरकारी सब्सिडी के साथ इसकी खेती से आर्थिक लाभ (Financial Gain) भी काफी अधिक होता है।

बंपर कमाई की संभावना

बांस की खेती से 40 सालों तक लगातार प्रोफ़िट लिया जा सकता है। शुरुआती निवेश (Initial Investment) के बाद कुछ वर्षों में ही इससे बंपर कमाई (Bumper Earnings) संभव है। इसके साथ बांस की खेती के समानांतर अन्य फसलों (Crops) की खेती करके एक्स्ट्रा कमाई भी किया जा सकता है।