home page

UP के इन 5 जिलों में सर्वोदय विद्यालय खोलेगी योगी सरकार, जाने 5 जिलों के नाम

उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) की शिक्षा व्यवस्था में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) ने संत रविदास मिशन (Sant Ravidas Mission) के तहत प्रदेश के पांच असेवित जिलों
 | 
sarvodaya-schools-to-open-in-these

उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) की शिक्षा व्यवस्था में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) ने संत रविदास मिशन (Sant Ravidas Mission) के तहत प्रदेश के पांच असेवित जिलों -

गौतमबुद्धनगर, शामली, कन्नौज, बागपत, और शाहजहांपुर में सर्वोदय विद्यालयों (Sarvodaya Vidyalayas) की स्थापना की अनुमति दी है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य उन क्षेत्रों में शिक्षा की सुलभता को बढ़ाना है जहाँ अभी तक उच्च स्तरीय शिक्षा की पहुँच सीमित थी।

विद्यालयों की विशेषताएं और सुविधाएँ

इन नवनिर्मित सर्वोदय विद्यालयों (Sarvodaya Schools) में न केवल शिक्षा के उच्चतम मानदंडों को बरकरार रखा जाएगा बल्कि छात्रों को आधुनिक सुविधाओं और एक व्यापक शैक्षणिक वातावरण की भी पेशकश की जाएगी। प्रत्येक विद्यालय पांच एकड़ जमीन पर स्थापित किया जाएगा

जिसमें छात्रावास (Hostel), विद्यालय भवन (School Building), खेलकूद के मैदान सहित सभी आवश्यक सुविधाएं मौजूद होंगी। इन विद्यालयों में कक्षा 6 से 12 तक के बच्चों को शिक्षा प्रदान की जाएगी, जिसमें कुल 490 छात्रों को पढ़ाई करने का अवसर मिलेगा।

नई शिक्षा नीति का पालन

समाज कल्याण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) असीम अरुण (Aseem Arun) ने जानकारी दी कि इन सर्वोदय विद्यालयों में नई शिक्षा नीति (New Education Policy) की मंशा के अनुरूप शिक्षा दी जाएगी। इसके अलावा जेईई (JEE), नीट (NEET) जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए

मुफ्त कोचिंग (Free Coaching) की सुविधा भी अभ्युदय केंद्र (Abhyudaya Kendra) के माध्यम से प्रदान की जाएगी। यह कदम विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा और पेशेवर करियर के लिए तैयार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।

व्यापक शिक्षा की पहल

समाज कल्यान विभाग (Social Welfare Department) द्वारा बीपीएल परिवार (BPL Families) के प्रतिभावान छात्र-छात्राओं को मुफ्त आवासीय शिक्षा (Free Residential Education) प्रदान करने के उद्देश्य से 105 जय प्रकाश नारायण सर्वोदय विद्यालय और एकलव्य विद्यालय (Eklavya Schools) चलाए जा रहे हैं।

इस व्यापक शिक्षा पहल के तहत नौ सर्वोदय और दो एकलव्य विद्यालय विशेष रूप से अनुसूचित जनजाति (Scheduled Tribe) के छात्रों के लिए संचालित किए जा रहे हैं. जहाँ कक्षा 6 से 12 तक के 35,000 छात्रों को छात्रावास, पाठ्य पुस्तकें (Textbooks), यूनिफॉर्म

(Uniforms), मेस, लाइब्रेरी (Library), प्रयोगशाला (Laboratory), कंप्यूटर व टैब-लैब, जेईई, नीट की मुफ्त कोचिंग के साथ-साथ कौशल विकास प्रशिक्षण (Skill Development Training) इत्यादि की समस्त सुविधाएं प्रदान की जा रही हैं।